ग्रिड सिस्टम / इलेक्ट्रिक सिस्टम Earthing Resistance क्या है ???

 

अर्थ रजिस्टेंस 

 

अर्थिंग क्या है ??

 

अभी हमने इससे पहले इक्विपमेंट अर्थिंग के बारे में सीखा ठीक उसी प्रकार से हम रजिस्टेंस के बारे में  पढ़ेंगे

 

इलेक्ट्रिकल इक्विपमेंट के फ्रेम में वायर के द्वारा और अर्थिंग इलेक्ट्रोड के द्वारा जमीन  के साथ जोड़ने की क्रिया को अर्थिंग कहते हैं 

 

जब पावर सिस्टम में किसी भी प्रकार का कोई फॉल्ट होता हो तब  फॉल्ट करंट के कारण  अर्थिंग इलेक्ट्रोड के द्वारा जमीन में  फॉल्ट करंट उतरता है अर्थात  यह  फॉल्ट करंट जिस रास्ते के द्वारा जमीन में उतरता है उस रास्ते में आने वाले प्रतिरोध को अर्थिंग प्रतिरोध कहते हैं

 

यदि अर्थिंग प्रतिरोध कम हो तो अर्थ फॉल्ट रिले जल्दी से ऑपरेट हो जाता है अर्थात फॉल्ट वाले भाग को अलग कर देता है और यदि अर्थिंग प्रतिरोध की वैल्यू अधिक हो  तो फॉल्ट करंट और अर्थिंग प्रतिरोध के गुणाकार के जितना ही वोल्टेज इलेक्ट्रिकल  इक्विपमेंट के फ्रेम और जमीन के बीच मिलता है जिससे जमीन पर खड़ा हुआ व्यक्ति को इलेक्ट्रिकल  इक्विपमेंट के फ्रेम को छूने से शौक लग सकता है 

 

इस प्रकार से अर्थिंग प्रतिरोध की वैल्यू जितना हो उतना उसका प्रतिरोध कम होना चाहिए जिससे कम वैल्यू  में यदि कोई फॉल्ट  करंट होता हो और करंट की वैल्यू कम हो और उस करंट की वैल्यू अर्थिंग प्रतिरोध की वैल्यू से ज्यादा हो तो वह करंट अर्थिंग प्रतिरोध में प्रवाहित होकर अर्थ हो जाएगा

 

इस प्रकार से इलेक्ट्रिकल इक्विपमेंट के फ्रेम और जमीन के बीच में किसी प्रकार का इलेक्ट्रिकल सिस्टम का अर्थिंग प्रतिरोध होता और यदि अर्थिंग प्रतिरोध की वैल्यू अधिक हो तो शॉक लगने के उपरांत अर्थ फॉल्ट रिले  जल्दी ऑपरेट नहीं होता  

 

इस प्रकार से इलेक्ट्रिकल सिस्टम में  प्रोटेक्शन भी नहीं हो सकता 

 

इस प्रकार के सिस्टम में अर्थात अर्थिंग करते समय अर्थ वायर,अर्थिंग इलेक्ट्रोड तथा उसके आसपास के आए हुए जमीन जहां पर आर्थिक व्यवस्था करनी हो वहां पर उसके प्रतिरोध के मूल्य को फाइंड आउट किया जाता है  कि उस जगह पर आए हुए जमीन का प्रतिरोध ज्यादा है या कम है  उस अर्थिंग इलेक्ट्रोड में प्रवाहित होने वाली धारा का प्रतिरोध ज्यादा तो नहीं अर्थात इस प्रकार से उसका मूल्यांकन किया जाता है

जिस स्थान पर अर्थ इलेक्ट्रोड से अर्थिंग करना हो वहां की जमीन नमी वाली रखी जाती है 

 

इलेक्ट्रिक सिस्टम में फोल्ड करंट अर्थिंग इलेक्ट्रोड के द्वारा जमीन में जाता है जो जो जमीन में चारों  तरफ अर्थ हो जाता है 

 

NOTE :- अर्थ इलेक्ट्रोड को स्पर्श भाग जमीन  से जैसे जैसे दूर होते जाता है वैसे वैसे जमीन का प्रतिरोध  कम होते जाता है अर्थात प्रतिरोध का मूल्य अंतर उसके वर्ग के व्यस्त प्रमाण में होता है

 

 

EARTH RESISTENCE

आकृति में बताए अनुसार इलेक्ट्रोड के आसपास आए हुए जमीन के ऊपर की बिंदुओं और इलेक्ट्रोड से दूर की आई जमीन का भाग  के बीच वोल्टेज ड्रॉप घटता जाता है और अर्थ प्रतिरोध जैसे जैसे इलेक्ट्रोड से दूर होते जाता है वैसे वैसे  प्रतिरोध घटते जाता है आलेख बताए अनुसार B बिंदुओं में वोल्टेज ड्रॉप शुन्य होता है इलेक्ट्रोड से B बिंदु तक के क्षेत्रफल को अर्थ इलेक्ट्रोड  के प्रतिरोध का क्षेत्रफल कहा जाता है

 

इस प्रकार अर्थ प्रतिरोध अर्थात इलेक्ट्रोड और जमीन के बीच के  स्पर्श का प्रतिरोध नहीं परंतु इलेक्ट्रोड और जमीन जिस बिंदु पर वोल्टेज ड्रॉप शुन्य होता है उस बिंदु को अर्थ प्रतिरोध कहते हैं आलेख में बताए अनुसार  B बिंदु है 

 

अर्थिंग पद्धति में प्रतिरोध का महत्तम मान्य नक्की करने वाले सिद्धांत 

 

अर्थिंग पद्धति में प्रतिरोध का मान्य नक्की करने के लिए नीचे दिए गए एक बात को को ध्यान रखना बहुत जरूरी है  की अर्थिंग प्रतिरोध का रजिस्टेंस कम होना चाहिए  जिससे यदि सिस्टम में किसी प्रकार का फॉल्ट होता हो तो वह फॉल्ट करंट जल्दी से जल्दी अर्थ हो जाए जमीन में अर्थिंग प्रतिरोध का मूल्य अचल नहीं होता

 

 

परंतु  नीचे दिए गए मुद्दों पर आधारित है

 

 

[1] जमीन के प्रकार के के ऊपर आधारित  हैं जैसे रेतीली, चिकनी माटी वाली ,पहाड़ी जमीन  इत्यादि

 

 [2] जमीन में नमी का प्रमाण

 

 [3] जमीन का उष्णतामान

 

 [4] अर्थिंग इलेक्ट्रोड का माप तथा अधिक इलेक्ट्रोड हो तो उनके बीच का अंतर

 

 [5] जमीन में फाउंडेशन किए हुए  इलेक्ट्रोड की ऊंचाई

 

 [6] अर्थ वायर और अर्थ इलेक्ट्रोड के धातु

 

 

जैसे कि इलेक्ट्रिकल इक्विपमेंट और इलेक्ट्रिसिटी की क्षमता के आधार पर उसका प्रतिरोध कम होना चाहिए  कारण के कैपेसिटी के आधार पर हो तो  शॉर्ट सर्किट के समय उसमें से उत्पन्न होने वाले शॉर्ट सर्किट करंट के  वैल्यू अधिक हो तो शॉर्ट सर्किट के समय  सर्किट में मात्र रिएक्टेंस ही रह जाता है अर्थात रिएक्टर शॉर्ट सर्किट के समय समांतर भाग में जुड़ा हुआ होता है इससे उसका समतुल्य अर्थात इक्विवेलेंट रिएक्टेंट्स कम हो जाता है

 

 

इसे हम नीचे तक एक उदाहरण के द्वारा समझेंगे

 

 

आकृति में बताए अनुसार दो अल्टरनेटर A  और B  समांतर भाग में जुड़े हुए हैं

 

यदि  बसबार  पर फॉल्ट होता हो तो समतुल्य रिएक्टेंस

 

EQUIVALENT REACTANCE

 

 

1/ X = 1/ 20 + 1/ 20 

 

इसलिए 20 ✖ 20/ 20 + 20 = 10 Ω

 

अब यदि एक और अल्टरनेटर को समांतर में जोड़ा जाए तो उसका समतुल्य रिएक्टर की कीमत


EQUIVALENT REACTANCE

 

1/ X = 1/ 20 + 1/ 20 +1/20 = 3/20

 

 इसलिए X = 6.66 Ω होगा

 

इस प्रकार जैसे जैसे नेटवर्क बड़ा होते जाता है वैसे समतुल्य रिएक्टेंस की कीमत घटी जाती है और फॉल्ट करंट की कीमत बढ़ती जाती है इसलिए अर्थ प्रतिरोध है जितना बने उतना कम  होना चाहिए 

 

इंडियन इलेक्ट्रिसिटी एक्ट के आधार पर महत्तम मान्य अर्थिंग प्रतिरोध की कीमत नीचे बताए गए अनुसार है

 

 

ग्रिड सिस्टम महत्तम मान्य प्रतिरोध

 

विराट पावर स्टेशन  ⇒ 0.50

 

बड़े पावर स्टेशन  या सब स्टेशन 1.00

 

छोटे सब स्टेशन 2.00

 

डोमेस्टिक इंस्टॉलेशन 8.00 

 

अर्थ प्लेट से  सर्किट के किसी भी भाग तक 1.00 

अर्थिंग प्रतिरोध ( Earthing resistance ) में असर करने वाले परीबल

 नीचे दिए गए फैक्टर अर्थिंग  के प्रतिरोध के मान को बढ़ाते हैं

[1] लूज कनेक्शन

 

[2] कनेक्शन के बीच में लगे हुए रस्ट

 

[3] जमीन में नमी का कम प्रमाण

 

 

[1] लूज कनेक्शन

 

अर्थिंग सिस्टम के लिए दो टर्मिनल के बीच का कनेक्शन मजबूत होना चाहिए लूज कनेक्शन होने से  प्रॉपर  अर्थिंग  नहीं होती  इससे प्रतिरोध का प्रमाण पड़ता है  लूज कांटेक्ट होने से धूल के रज कण  वगैरह उस कनेक्शन के बीच में जमा हो जाते हैं जिससे उसका प्रतिरोध बढ़ जाता है

[2] कनेक्शन के बीच में लगे हुए रस्ट

 

 2 कांटेक्ट के बीच में आए हुए हवामान  नमी के कारण  RUST लग जाता है खास करके गेलवेनाइज्ड वायर यूज़ किया हो तो वहां पर रेस्ट लगने की संभावना बढ़ जाती है इसके उपरांत  गेलवेनाइज की प्लेट या पाइप जमीन में  खोसा गया हो तो  उस पर RUST लगने से उसका प्रतिरोध बढ़ जाता है

[3] जमीन में नमी का कम प्रमाण

 

अर्थिंग प्लेट अथवा पाइप के आसपास  नमी होना जरूरी है  परंतु उस समय अंतर अर्थपीट में पानी का प्रमाण कम हो गया हो तो उसमें नमी का प्रमाण होता नहीं  जिससे उसका प्रतिरोध बढ़ जाता है

 

 

अर्थिंग प्रतिरोध Earthing resistance को कम करने की पद्धति

 

 

➔ अर्थिंग इलेक्ट्रोड  कम से कम 2 मीटर जमीन में इंस्टॉल करना चाहिए 

 

➔ अर्थिंग इलेक्ट्रोड के आसपास के भाग को समय अनुसार खोदकर अर्थिंग प्लेट के  सपाटी पर रस्ट  को तथा अन्य कुचालक पदार्थ पर जमे हुए रस्ट को साफ करना चाहिए

 

इलेक्ट्रोड की सफाई करने के बाद में कोयला और नमक  को थोड़ा कम प्रमाण में छिड़कना चाहिए

 

गर्मी की ऋतु में पानी की पाइप से उस इलेक्ट्रोड के आसपास के भाग में  नमक  वाला पानी छिड़काव करना  चाहिए यदि तांबे की प्लेट हो तो  कॉपर सल्फेट का छिड़काव करना चाहिए जिससे उसका प्रतिरोध का प्रमाण घटता है

 

एक से अधिक अर्थिंग किए हुए इलेक्ट्रोड समांतर भाग में जोड़ने से अर्थ प्रतिरोध  Earthing resistance प्रमाण  घटता है 

 

अर्थिंग वायर और अर्थिंग इलेक्ट्रोड की बीच का कनेक्शन लूज हो तो उसे टाइट करना चाहिए जिससे लूज कनेक्शन  न होने से उसका प्रतिरोध Earthing resistance घटता है

 

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